गरियाबंद/महासमुंद.
सावन में जतमई, घटारानी, राजिम धाम पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को निशाना बनाने वाली नागपुर की महिला चोर गैंग को पुलिस ने पकड़ने में कामयाबी पाई है। पकड़ी गईं महिलाएं कार में घूमकर पहले रेकी किया करती थीं।
दरअसल, 9 अगस्त को जतमई धाम में आरंग निवासी नीलम चक्रधर के गले से 2 तोले की सोने की चेन पार कर दी गई थी। चेन की कीमत करीब 3 लाख रुपये बताई जा रही है। महिला ने तत्काल पुलिस को सूचना दी।
ऐसे पकड़ा गया गिरोह
CCTV फुटेज और कार नंबर के आधार पर पुलिस ने महासमुंद के पास नाकेबंदी की। इस दौरान कार क्रमांक MP 49 SB 2471 को रोका गया। तलाशी में कार से चोरी का सामान बरामद हुआ। कार में सवार 7 संदिग्ध महिलाओं को हिरासत में लिया गया।
कौन हैं आरोपी
पूछताछ में पता चला कि सभी 7 महिलाएं महाराष्ट्र के नागपुर और आसपास की रहने वाली हैं। इनके नाम – रोनक पातनकर 30, सीमा पात्रे 40, विद्या उफाड़े 30, मुस्कान पात्रे 26, मीना खवड़े 35, नंदिनी पात्रे 30 और छाया उफाड़े 50 हैं।
कैसे देती थीं वारदात को अंजाम
पुलिस के अनुसार ये महिलाएं कार से धार्मिक स्थलों की रेकी करती थीं। भीड़ का फायदा उठाकर महिलाओं के गले, कान से गहने और पर्स पार कर देती थीं। पुलिस को आशंका है कि ये किसी बड़े अंतरराज्यीय गिरोह से जुड़ी हो सकती हैं।
भक्तों में दहशत, पुलिस अलर्ट
घटना के बाद जतमई धाम में श्रद्धालुओं में डर का माहौल है। कई महिलाएं अब आर्टिफिशियल गहने पहनकर दर्शन करने आ रही हैं। पुलिस ने सभी प्रमुख मंदिरों के आसपास सुरक्षा बढ़ाते हुए सादी वर्दी में पुलिस जवानों को तैनात कर रही है।

