राज्य स्तरीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष का किया निरीक्षण, बैठक में अधिकारियों को दिए निर्देश

Date:

भोपाल

जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट ने निर्देश दिए हैं कि समस्त विभागीय बांध, जलाशय तथा अन्य जल संरचनाओं में जल भराव की स्थिति की सतत निगरानी की जाए और इसकी सूचना बाढ़ नियंत्रण कक्ष सहित जिला प्रशासन एवं वरिष्ठ अधिकारियों को प्रतिदिन दी जाए। राज्य स्तरीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष द्वारा राउंड द क्लॉक जिलों से संपर्क कर सतत समीक्षा सुनिश्चित की जाए, जिससे किसी भी प्रकार की हानि से बचा जा सके। बारिश के दौरान पूरा विभागीय अमला पूरी तरह सावधान और चौकस रहे. इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

जल संसाधन मंत्री श्री सिलावट ने बुधवार को जल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता बोधी कार्यालय भोपाल स्थित राज्य स्तरीय बाढ़ नियंत्रण प्रकोष्ठ का निरीक्षण किया और अधिकारियों की बैठक ली. मंत्री श्री सिलावट ने बांधों में जल भराव एवं इनसे संबंधित गेटों के ऑपरेशन संबंधी जानकारी प्राप्त और समस्त एहतियाती उपाय करने के निर्देश दिए. इस दौरान मुख्य अभियंता बोधी परियोजना श्री आर. आर. मीणा, मुख्य अभियंता बांध सुरक्षा श्री अरुण सिंह चौहान एवं अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

मुख्य अभियंता श्री मीणा ने जानकारी दी कि वर्तमान मानसून सीजन में अभी तक 583.40 एम.एम. वर्षा दर्ज की जा चुकी है, जो कि दीर्घावधि औसत की तुलना में 12 प्रतिशत कम है। पूर्वी मध्यप्रदेश में लगभग 14 प्रतिशत कम एवं पश्चिमी मध्यप्रदेश में लगभग 10 प्रतिशत कम वर्षा दर्ज की गई है।

बैठक में वर्तमान में विभाग अंतर्गत 54 अति महत्वपूर्ण श्रेणी के बांधों की समीक्षा में बताया गया कि बांधों में जल भराव की स्थिति 64 प्रतिशत है, जो कि गतवर्ष 74 प्रतिशत थी। मौसम विभाग द्वारा जारी पूर्वानुमान अनुसार आगामी दिनों में अच्छी वर्षा के संकेत होने से इन बांधों के जलभराव में वृद्धि होने की पूर्ण संभावना है। वर्तमान में इंद्रिरा सागर 54 प्रतिशत, गांधी सागर 67 प्रतिशत, बाण सागर लगभग 65 प्रतिशत, बारना 76 प्रतिशत, कोलार 82 प्रतिशत, महान 77 प्रतिशत, राजघाट 86 प्रतिशत, बरगी 86 प्रतिशत, औंकारेश्वर 30 प्रतिशत और तवा 46 प्रतिशत भर चुका है। आज की स्थिति में बरगी बांध के 21 में से 09, बिलगांव 09 में से 02 महुअर एवं मटियारी के 06 जलद्वार में से 02-02 जलद्वारों द्वारा सुरक्षित, विभागीय मापदण्ड अनुसार जल की निकासी की जा रही है। साथ ही पूरी प्रक्रिया की सतत समीक्षा की जा रही है।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

एक आवेदन से आसान हुई दिव्यांग अशोक की राह, आवेदन के दिन ही मिली ट्राईसायकल

रायपुर समाज कल्याण विभाग द्वारा दिव्यांगजनों को उनकी आवश्यकता के...

आत्मसमर्पण और पुनर्वास से बदली जिंदगी, अब सब इंस्पेक्टर बनकर संभाल रहे सुरक्षा की जिम्मेदारी

रायपुर मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय की संवेदनशील पहल और वन...