बाढ़ और जलभराव पर एक्शन मोड में सीएम योगी, अफसरों को दिए कड़े निर्देश

Date:

लखनऊ
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उत्तर प्रदेश में बाढ़ के हालात को लेकर ऐक्शन मोड में आ गए हैं। उन्होंने कहा है कि बाढ़ प्रभावित सभी परिवारों को राहत पहुंचाई जाए। उन्होंने प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों को लगातार अलर्ट रहने का आदेश दिया है। इसके साथ ही उन्होंने प्रयागराज के नगर आयुक्त को बाढ़ से बचाव के लिए सख्त हिदायत दी। सीएम योगी ने कानपुर नगर निगम की भी कार्यशैली पर नाराजगी जताई है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को शासन स्तर के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में फील्ड में तैनात प्रशासनिक अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक कर रहे थे। उन्होंने प्रदेश के कुछ इलाकों में जलभराव, बाढ़ की स्थिति, चीनी की उपलब्धता, आगामी गन्ना पेराई सत्र तथा विद्यालयों की व्यवस्थाओं की समीक्षा की। उन्होंने प्रयागराज, वाराणसी, लखनऊ, कानपुर, गोरखपुर, मेरठ, सहारनपुर और गाजियाबाद के मंडलायुक्तों तथा नोएडा प्राधिकरण से जलभराव वाले क्षेत्रों और उसके कारणों की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने कहा कि कहीं भी जलभराव नहीं होना चाहिए।

लो-लैंड क्षेत्रों को चिह्नित कर जरूरत के अनुसार अतिरिक्त पम्पिंग स्टेशन स्थापित किए जाएं। जिन नालों में सिल्ट, कूड़ा या किसी अन्य कारण से पानी की निकासी बाधित है, उनकी तत्काल सफाई कराई जाए। प्रमुख सचिव नगर विकास को मुख्यालय स्तर से प्रदेश के सभी 762 नगर निकायों की 24 घंटे निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने सभी महापौरों तथा नगर पालिका परिषद और नगर पंचायतों के अध्यक्षों को स्थानीय पार्षदों के साथ फील्ड में जाकर जलभराव और सफाई व्यवस्था देखने को कहा। उमुख्यमंत्री ने प्रदेश के 19 बाढ़ प्रभावित जिलों की स्थिति की समीक्षा की।

उन्होंने बलिया, गोंडा, बहराइच, बाराबंकी, फर्रुखाबाद और लखीमपुर खीरी के जिलाधिकारियों से बाढ़ की स्थिति और राहत कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि सभी जिलाधिकारी पूरी तरह अलर्ट रहें और जनपदों के कंट्रोल रूम लगातार सक्रिय रहें। मुख्यालय स्तर से भी सभी जिलों की 24 घंटे निगरानी की जाए। नदी कटान वाले क्षेत्रों पर विशेष नजर रखें। बाढ़ में जिन लोगों के मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं, उन्हें पट्टा उपलब्ध कराकर सीएम आवास योजना से आवास दिलाएं।

भ्रामक वीडियो प्रसारित करने पर नाराजगी
मुख्यमंत्री ने स्कूल-कॉलेजों को लेकर भ्रामक वीडियो प्रसारित किए जाने की जानकारी पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने निर्देश दिए कि गलत और भ्रामक जानकारी फैलाकर माहौल खराब करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाए। मुख्यमंत्री ने मिड-डे मील, बालक-बालिकाओं के लिए शौचालय और कक्षाओं की स्थिति की स्थलीय जांच कराने के निर्देश दिए। गड़बड़ी पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के संस्थानों की होगी पड़ताल, 30 दिसंबर तक जांच पूरी करने का निर्देश

पटना बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना से जुड़ी संस्थाओं को...

रोडवेज कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा, 26 अगस्त को प्रदेशभर में प्रदर्शन

 नाथसूरी चोपटा  हरियाणा रोडवेज यूनियनों ने अपनी मांगों को लेकर...

महंगे फेस क्लींजर की जरूरत नहीं, इन 4 घरेलू चीजों से करें चेहरे की सफाई

 स्किन की देखभाल के लिए आजकल लोग कई तरह...