पटना
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राजधानी पटना को दो परियोजनाओं की सौगात दी। उन्होंने 249 करोड़ की लागत से निर्मित मीठापुर बस स्टैंड को मीठापुर गोलंबर (भाया नवनिर्मित करबिगहिया गोलंबर फेज-1) से जोड़ने वाले फ्लाईओवर, पहुंच पथ एवं सेवा पथ का शुक्रवार को लोकार्पण किया। यह फ्लाईओवर मीठापुर क्षेत्र को सुगम यातायात सुविधा से जोड़ेगा। इससे पटना में जाम समस्या से लोगों को राहत और पुनपुन तक आवागमन को रफ्तार मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने मीठापुर-महुली-पुनपुन परियोजना के अंतर्गत मीठापुर से सिपारा तक निर्मित 2.1 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड पथांश का भी लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि करबिगहिया-मीठापुर फ्लाईओवर के शुरू होने से रेलवे स्टेशन आने-जाने वाले यात्रियों के लिए भी रास्ता अधिक सुगम होगा। मीठापुर बस स्टैंड और आसपास के क्षेत्रों से आने-जाने वाले लोगों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी। वहीं, एलिवेटेड पथ से मीठापुर से महुली होते हुए पुनपुन की ओर जाने वाले यात्रियों के लिए भी आवागमन आसान होगा।
पैदल चले मुख्यमंत्री
ठापुर-सिपारा मार्ग पर लगने वाले जाम से आम लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। साथ ही, करबिगहिया, मीठापुर एवं स्टेशन रोड पर यातायात का दबाव कम होने से लोगों को आवागमन में सुविधा होगी। लोकार्पण के पश्चात मुख्यमंत्री ने नवनिर्मित फ्लाईओवर के निर्माण कार्य एवं यातायात व्यवस्था का पैदल चलकर तथा वाहन के माध्यम से जायजा लिया।
पटना से गयाजी और पटना रिंग रोड को सीधे संपर्कता
मीठापुर-सिपारा-महुली-पुनपुन परियोजना का शिलान्यास पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अक्तूबर 2023 में किया था। कार्यारंभ 27 नवंबर 2023 को हुआ। दो वर्षों में इसका निर्माण पूरा होना था। परियोजना नौ माह विलंब से पूरा हुआ। लगभग पौने तीन वर्षों में इसका निर्माण पूरा किया गया है। इसका मेन कैरेज-वे फोर लेन एलिवेटेड है। इससे पटना से गयाजी और पटना रिंग रोड को सीधे संपर्कता मिलेगी। पूरी परियोजना में एलिवेटेड सड़क की लंबाई 4.30 किलोमीटर है। दूसरे चरण के साथ ही शुक्रवार को इसका निर्माण कार्य पूरा हो गया। दूसरे चरण में एलिवेटेड सड़क की लंबाई 2.10 किमी है।
फ्लाईओवर का सीएम सम्राट चौधरी ने जायजा लिया
मुख्यमंत्री ने करबिगहिया-मीठापुर और महुली फ्लाईओवर का लोकार्णण किया । इसके बाद नवनिर्मित फ्लाईओवर के निर्माण कार्य एवं यातायात व्यवस्था का पैदल चलकर तथा वाहन के माध्यम से जायजा लिया। मीठापुर-रामगोबिंद सिंह महुली-पुनपुन पथ परियोजना निर्माण कार्य जिसका प्रारंभ बिन्दु मीठापुर और समापन बिन्दु पुनपुन का लक्ष्मण झूला, एनएच 22 गया-डोभी सेक्शन है। दूसरे चरण पर 231.23 करोड़ खर्च किया गया है।
एलिवेटेड पथ के पूरी लंबाई में यातायात के शोर से बचने के लिए उच्च गुणवत्ता वाला ध्वनिशोषक का प्रावधान किया गया है ताकि सड़क के किनारे बसे लोगों को ध्वनि प्रदूषण से बचाव करते हुए शोरमुक्त वातावरण प्रदान किया जाए। साथ ही रात्रि के समय सुचारू रूप से यातायात परिचालन के लिए पथ के पूर्ण लंबाई में स्ट्रीट लाइट एवं एलिवेटेड पथ के बीच में एंटी ग्लास स्क्रीन का प्रावधान किया गया है। यह पथ फोर लेन क्लोज सर्किट कॉरिडोर के रूप में पटना से गयाजी, गयाजी से बिहारशरीफ, बिहारशरीफ से बख्तियारपुर और बख्तियारपुर से पटना एनएच 83, 82, 31 व एनएच 30 होते हुए विकसित होगा। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री बिजेन्द्र प्रसाद यादव, पथ निर्माण मंत्री कुमार शैलेन्द्र, सहकारिता मंत्री रामकृपाल यादव, विधायक श्याम रजक, अरुण मांझी, विधानपार्षद नवल किशोर यादव, रवीन्द्र प्रसाद सिंह, सीएम के प्रधान सचिव दीपक कुमार, पथ निर्माण सचिव पंकज पाल, पटना प्रक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक जितेन्द्र राणा, डीएम कुंदन कुमार, एसएसपी कार्तिकेय के. शर्मा, पुल निर्माण निगम के अध्यक्ष धर्मेन्द्र कुमार, पथ विकास निगम के प्रबंध निदेशक सौरभ जोरवाल उपस्थित थे।

