मॉडल स्कूलों में शत-प्रतिशत नामांकन और बेहतर परीक्षा परिणाम पर सरकार का फोकस

Date:

जयपुर
स्कूल शिक्षा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव राजेश यादव ने सोमवार को शासन सचिवालय में स्वामी विवेकानंद राजकीय मॉडल स्कूल योजना सहित विभिन्न आवासीय विद्यालयों एवं छात्रावासों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को अध्यापकों एवं विद्यार्थियो की उपस्थिति, विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता, विद्यार्थियों के नामांकन,मानव संसाधन,आधारभूत सुविधाओं तथा निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के साथ समयबद्ध रूप से पूरा करने के निर्देश दिए।

अतिरिक्त मुख्य सचिव यादव ने प्रदेश के मॉडल स्कूलों में रिक्त पदों की स्थिति की समीक्षा करते हुए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्यालयों में उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करते हुए विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने मॉडल स्कूलों के परीक्षा परिणामों में और सुधार के लिए विषयवार विश्लेषण एवं आवश्यक शैक्षणिक गतिविधियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

अतिरिक्त मुख्य सचिव ने निर्माणाधीन भवनों में भूमि, बिजली, पानी एवं अन्य लंबित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण करते हुए कार्यों को निर्धारित समयावधि में पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के लिए भवन निर्माण के साथ आवश्यक मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता भी सुनिश्चित की जाए।

एसीएस ने कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय (केजीबीवी), नेताजी सुभाष चंद्र बोस आवासीय विद्यालय, स्वामी विवेकानंद मॉडल स्कूल छात्रावास, पीएम-जनमन एवं डीएजेजीयूए के अंतर्गत संचालित एवं निर्माणाधीन छात्रावासों की प्रगति की भी समीक्षा की। केजीबीवी में कुल 51 हजार 950 विद्यार्थियों की क्षमता के विरुद्ध 46 हजार 668 बालिकाएं नामांकित हैं। वहीं नेताजी सुभाष चंद्र बोस आवासीय विद्यालयों सहित अन्य आवासीय संस्थानों में भी नामांकन की स्थिति की समीक्षा की गई। उन्होंने अधिकारियों को शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करने के लिए स्थानीय स्तर पर व्यापक प्रयास करने के निर्देश दिए गए।

बैठक में वर्ष 2026-27 की कार्ययोजना के तहत स्वीकृत किए गए आवासीय विद्यालयों एवं छात्रावासों की प्रगति पर भी चर्चा हुई। नए आवासीय विद्यालयों/छात्रावासों के लिए कार्य स्वीकृत है, जिनमें से प्रवेश प्रक्रिया शुरू होकर विद्यार्थी रह रहे हैं। छात्रावासों में वॉशिंग मशीन एवं स्वचालित रोटी मेकर जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा केजीबीवी में थ्री-फेज विद्युत कनेक्शन से संबंधित कार्यों की भी समीक्षा की गई।

विद्यालयों में आधुनिक सुविधाएं
मॉडल स्कूलों में स्मार्ट एवं वर्चुअल कक्षाएं, 20 कम्प्यूटर वाले कम्प्यूटर लैब, सीसीटीवी कैमरे, छात्राओं के लिए सेनेटरी नैपकिन, डिस्पेंसरी एवं इन्सीनेरेटर सहित विभिन्न सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसके साथ ही स्वास्थ्य परीक्षण, मासिक अभिभावक-शिक्षक बैठक, स्काउट-गाइड, कला एवं शिल्प, विज्ञान मेले, गणित ओलंपियाड, योग ओलंपियाड, स्कूल बैंड एवं अन्य सह-शैक्षणिक गतिविधियां भी संचालित की जा रही हैं।

प्रदेश के 27 शैक्षणिक दृष्टि से पिछड़े जिलों के 134 ब्लॉकों में 134 स्वामी विवेकानंद राजकीय मॉडल स्कूल संचालित हैं। इन विद्यालयों में कुल 57 हजार 565 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं, जिनमें 28 हजार 957 बालक एवं 28 हजार 608 बालिकाएं हैं। विद्यालयों में बालिकाओं के लिए 55 प्रतिशत तथा बालकों के लिए 45 प्रतिशत सीटों का प्रावधान है। समग्र शिक्षा अभियान के अंतर्गत कुल 514 छात्रावास/आवासीय इकाइयां स्वीकृत हैं, जिनमें 422 संचालित हैं तथा 92 निर्माणाधीन अथवा लंबित हैं। केजीबीवी के 389 में से 377 संचालित हैं, जबकि 12 पर कार्य प्रगति पर है। स्वामी विवेकानंद मॉडल स्कूलों के 25 छात्रावासों में 22 संचालित हैं और 3 निर्माणाधीन हैं।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

अपनी भाषा और जड़ों से जुड़कर ही युवा कर सकते हैं सशक्त राष्ट्र का निर्माण : मंत्री सारंग

भोपाल  “मातृभाषा केवल संवाद का माध्यम नहीं, बल्कि हमारे भाव,...

JPSC-JSSC CGL समेत भर्ती परीक्षाओं के रद्द होने का मामला हाईकोर्ट पहुंचा, 15 सितंबर को सुनवाई

रांची Jharkhand High Court Hearing: झारखंड हाईकोर्ट में मंगलवार 15...

छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड ने 17 सदस्यीय अंतरराष्ट्रीय डेलीगेशन के लिए आयोजित किया विशेष हेरिटेज टूर

रायपुर छत्तीसगढ़ की समृद्ध ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और पुरातात्विक विरासत को...