मध्यप्रदेश में मौसम बदलेगा मिजाज, 15 जिलों में बारिश की चेतावनी; गुना में मक्के की फसल बर्बाद

Date:

भोपाल 
मध्य प्रदेश में मानसून की विदाई के बाद भी बारिश का सिलसिला थम नहीं रहा है। अब दशहरे के आयोजनों पर भी मौसम का असर पड़ने की आशंका है। सोमवार को भोपाल समेत 15 जिलों में बारिश का अनुमान है, जबकि 20 अक्टूबर को दशहरे के दिन इंदौर, उज्जैन सहित पश्चिमी मध्य प्रदेश के 14 जिलों में आंधी-बारिश की चेतावनी जारी की गई है। इस दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है। ऐसे में रावण दहन और अन्य आयोजनों की तैयारियों में जुटे आयोजकों को मौसम पर नजर रखनी होगी। 

रविवार को प्रदेश के कई जिलों में तेज हवा के साथ बारिश हुई। सीहोर में माता के पंडालों के टेंट उड़ गए, जबकि महू में गरबा और दुर्गा पंडालों में पानी भर गया। यहां रावण के पुतले भी भीग गए। गुना और खंडवा में भी शाम के समय बारिश ने दस्तक दी। अक्टूबर में बदलते मौसम का असर अब धार्मिक आयोजनों के साथ दशहरे की तैयारियों पर भी दिखाई देने लगा है।

गुना में रविवार को बेमौसम बारिश से मक्के की फसल बर्बाद हो गई। खेतों में कटी फसल भीग गई, वहीं मंडी में खुले में रखा मक्का पानी के साथ नालियों में बह गया। इससे किसानों और व्यापारियों को नुकसान हुआ है।

भोपाल में कैसा रहेगा मौसम?
राजधानी भोपाल में आज बादल छाए रहेंगे. कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है. 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवा चलेगी. बीते दिन दोपहर बाद भोपाल के आसमान में काले बादल छाने लगे थे. हालांकि बारिश नहीं हुई. आज उज्जैन में भी भोपाल की तरह का मौसम देखने को मिलेगा. पिछले 24 घंटे में प्रदेश में सर्वाधिक अधिकतम तापमान 36.5 डिग्री सेल्सियस खंडवा में दर्ज किया गया, तो सबसे कम न्यूनतम तापमान 17.1 डिग्री सेल्सियस करौंदी (कटनी) में रिकॉर्ड हुआ।

एमपी में 24 जून को हुई थी मानसून की एंट्री
गौरतलब है कि मध्य प्रदेश से मानसून की विदाई हो चुकी है. मानसून ने इस साल राज्य में 24 जून को एंट्री ली थी और तीन अक्टूबर को विदाई ली. राज्य में मानसून 100 दिन सक्रिय रहा. इस मानसून सीजन में 908.4 मिमी (35.8 इंच) बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से चार प्रतिशत कम है. पूर्वी राज्यों में चार फीसदी ज्यादा वर्षा दर्ज की गई. वहीं पश्चिमी राज्यों में 12 फीसदी कम बारिश हुई. भोपाल, कटनी, ग्वालियर, राजगढ़ समेत प्रदेश के 25 जिलों में बारिश का कोटा पूरा हो गया, तो वहीं 30 जिलों में कम बारिश हुई, जिनमें इंदौर, जबलपुर, रीवा, उज्जैन और सागर भी शामिल हैं। 

आज इन 15 जिलों में बारिश के आसार
मौसम विभाग के अनुसार, सोमवार को भोपाल, उज्जैन, आगर-मालवा, राजगढ़, शाजापुर, देवास, सीहोर, विदिशा, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, टीकमगढ़, छतरपुर, सागर और दमोह में बारिश हो सकती है। इन जिलों में कहीं-कहीं तेज हवा और गरज-चमक के साथ मौसम बदलने की संभावना है। दशहरे के दिन 20 अक्टूबर को इंदौर, उज्जैन, रतलाम, झाबुआ, आलीराजपुर, बड़वानी, धार, खरगोन, बुरहानपुर, खंडवा, देवास, शाजापुर, हरदा और बैतूल में बारिश का अनुमान है। इन इलाकों में तेज हवा चलने की भी आशंका है। 21 और 22 अक्टूबर को भी पश्चिमी मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश का दौर जारी रह सकता है। इसके उलट पूर्वी मध्य प्रदेश में मौसम अपेक्षाकृत साफ रहने और धूप निकलने की संभावना है।

मानसून लौट चुका, फिर क्यों बरस रहे बादल?
प्रदेश से दक्षिण-पश्चिम मानसून तीन अक्टूबर को विदा हो चुका है, लेकिन इसके बाद भी मौसम में उतार-चढ़ाव जारी है। मौसम विभाग के मुताबिक, पश्चिमी मध्य प्रदेश के ऊपर से गुजर रही ट्रफ और चक्रवाती परिसंचरण के प्रभाव से नमी मिल रही है। इसी वजह से कई इलाकों में आंधी, गरज-चमक और बारिश की गतिविधियां बढ़ी हैं। मौसम विशेषज्ञ अरुण शर्मा के अनुसार, अक्टूबर में तापमान और बारिश के बीच बदलाव का दौर देखने को मिलता है। इस बार भी दिन में धूप और गर्मी के बाद रात में ठंडक महसूस हो रही है, जबकि कुछ क्षेत्रों में बारिश जारी है। प्रदेश में इस साल दक्षिण-पश्चिम मानसून करीब 100 दिन सक्रिय रहा। 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

Bihar Beej Anudan Yojana: किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी, बिहार कृषि एप से मिलेगा बीज अनुदान का लाभ

पटना  सरकार ने किसानों को गुणवत्तापूर्ण एवं उन्नत बीज उपलब्ध...

CGPSC भर्ती विवाद: भूपेश बघेल ने निष्पक्ष जांच की उठाई मांग

बिलासपुर. शारदीय नवरात्र की अष्टमी के अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री...