कैथल
जिला स्वास्थ्य विभाग की तरफ से ग्रामीण क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ाने के लिए स्वास्थ्य केंद्रों के नए भवन बनाए जाएंगे। इनमें गांव जाखौली, बालू व बाता प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के भवन निर्माण की मंजूरी मिल चुकी है, वहीं पाई व सजूमा के स्वास्थ्य केंद्र को लेकर प्रस्ताव भेजा गया है। पाई गांव स्थित स्वास्थ्य केंद्र कंडम हालत में है, वहीं सजूमा का अस्पताल किराया के भवन में चल रहा है। नए भवन बनने के बाद यहां स्वास्थ्य सेवाओं भी बढ़ेगी, चिकित्सकों के रिक्त पद भी भरे जाएंगे।
बता दें कि पूरे जिले में 22 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, छह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, तीन शहरी स्वास्थ्य केंद्र व छह हेल्थ
वैलनेस सेंटर हैं। अब इन केंद्रों पर चिकित्सकों व संसाधनों की भारी कमी है। 22 में से 12 स्वास्थ्य केंद्र ऐसे हैं, जहां एक भी चिकित्सक नहीं है। ऐसे में इलाज करवाने वालों की संख्या नागरिक अस्पताल में बढ़ रही है।
सीवन के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के नए भवन का अगस्त माह में शुरू हो सकता है निर्माण
सीवन में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का नया भवन बनाया जाएगा। यहां अब छह बेड हैं, नया भवन बनने के बाद 30 बेड हो जाएंगे। इसके साथ-साथ एक्स-रे की सुविधा भी बढ़ेगी। चिकित्सकों व स्टाफ के रिक्त पदों पर नियुक्ति होने की उम्मीद बढ़ेगी।
नया भवन बनाने के लिए पुराना भवन से अस्पताल शिफ्ट हो चुका है। इसी प्रकार पुराना अस्पताल कैथल स्थित शहरी स्वास्थ्य केंद्र का नया भवन बनाया जाएगा। इस भवन को बनाने के लिए स्वास्थ्य केंद्र को दूसरी जगह शिफ्ट कर दिया गया है। यहां भी स्वास्थ्य सेवाओं में इजाफा होगा। इसके साथ-साथ पुराना अस्पताल परिसर में जज्चा-बच्चा अस्पताल भी बनाया जाएगा।
पीएचसी व सीएचसी को मिलेंगे नए भवन: डॉ. बलविंद्र गर्ग
जिला स्वास्थ्य विभाग के डिप्टी सिविल सर्जन डा. बलविंद्र गर्ग ने बताया कि जिले में 22 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चल रहे हैं, इनमें पांच पीएचसी व छह सीएचसी के नए भवन बनाए जाएंगे। शहरी स्वास्थ्य केंद्र जो पुराना अस्पताल में चल रहा था, उसका भी नया भवन बनेगा।
नए भवन बनने के बाद यहां स्वास्थ्य सेवाओं में इजाफा होगा। लोगों को घर के नजदीक ही स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी। स्वास्थ्य केंद्रों के नए भवन बनाने के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उम्मीद है कि अगले एक या दो माह में नए भवनों के निर्माण को लेकर कार्य शुरू हो जाएगा।

