सीता साहू समेत 27 हजार लोगों को नोटिस, 19 अगस्त को जवाब नहीं दिया तो हो सकती है सीलिंग

Date:

 पटना
पटना की मेयर सीता साहू को अपने नगर निगम ने नोटिस थमा दिया है। माननीय सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर यह कार्रवाई की गई है। सीता साहू समेत करीब 27 हजार लोगों को यह नोटिस दी गई है। सबों पर अपने रिहायशी मकान में व्यावसायिक गतिविधि चलाने का आरोप है। मेयर को नोटिस मिलने की चर्चा सियासी गलियारे में जोर शोर से हो रही है। नोटिस की लिस्ट में पटना के कई बड़े और चर्चित लोगों के नाम भी शामिल हैं जिनका सामाजिक और सार्वजनिक जीवन में काफी प्रभाव है। सभी लोगों को 19 अगस्त को उपस्थित होकर अपना पक्ष रखने को कहा गया है। अनुपस्थित होने पर नगर निगम ऐसे हाउस होल्ड को सील करने की प्रक्रिया शुरू कर सकता है। सीता साहू भारतीय जनता पार्टी से ताल्लुक रखती हैं।

प्राप्त जानकारी के मुताबिक सुप्रीम कोर्ट के आदेश पहले आ चुका था जिसका पालन नहीं किया जा रहा था। इसी के तहत अजीमाबाद अंचल के कार्यपालक पदाधिकारी ने नोटिस भेजने की कार्रवाई शुरू की है। इसमें पटना मेयर सीता साहू समेत करीब 27 हजार लोगों को नोटिस थमा दिया गया है। नोटिस में कहा गया है कि चिह्नित स्थलों के भू-स्वामी, निर्मात और गैर-आवासीय उपयोगकर्ताओं को नोटिस मिलते ही निर्धारित तिथि पर अपना जवाब दाखिल करना है। उन्हें इस काम के लिए 24 घंटों का समय प्रदान किया गया है। नोटिस तामिला कराने के बाद भी जो जवाब नहीं देंगे उनके खिलाफ अग्रेत्तर कार्रवाई की जाएगी। इसी के तहत पटना की मेयर सीता साहू को भी नोटिस भेजा गया है।

नगर निगम ने मेयर के साथ उनके दोनों बेटों शिशिर कुमार और सुशांत कुमार को भी नोटिस भेजा है। हालांकि, शिशिर कुमार का कहना है कि संबंधित परिसर का इस्तेमाल आवासीय रूप में ही किया जा रहा है। निगम को जवाब दिया जाएगा। उनका निवास बड़ी पटनदेवी, महाराजगंज इलाके में है।

किन इलाकों के लोगों को मिली नोटिस?
नगर निगम की ओर से जारी नोटिस के अनुसार पटना के कंकड़बाग, मुसल्लहपुर, बाजार समिति, गुलजारबाग, बड़ी पटना देवी गली, दीदारगंज, गुरुगोविंद सिंह पथ, हरमंदिर गली, मारूफगंज, पाटलिपुत्र कॉलोनी, कृष्णापुरी, एसकेपुरी, महाराजगंज, एजी कॉलोनी, आशियाना, विजय नगर, मंदिरी और लोदीपुर सहित कई इलाके के हाउस होल्ड को नोटिस दी गई है। पूर्व की जांच में इन इलाकों में आवासीय परिसरों में व्यावसायिक गतिविधियां चलाने का आरोप है।

कब तक देना है जवाब?
नोटिस में कहा गया है कि नगर निगम के मुताबिक 19 अगस्त से इन मामलों पर सुनवाई शुरू होगी। इसमें सभी लोगों को नोटिस का जवाब देना है। अगर जवाब नहीं दिया जाता है तो जुर्माना या सिलिंग की कार्रवाई शुरू की जाएगी। शहरी इलाके में जमीन और परिसंपत्ति के सही उपयोग, आमजनों को कोई परेशानी नहीं हो और वाजिब टैक्स चुकाने को लेकर यह ऐक्शन लिया गया है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

सफाई कर्मचारियों की 12 दिन की हड़ताल से हरियाणा एनसीआर में सफाई व्यवस्था चरमराई

चंडीगढ़ हरियाणा-एनसीआर के शहरों में पहले से चरमराई सफाई व्यवस्था...

पंजाब की सियासत में BJP का नया दांव, मनप्रीत बादल की छवि बनाम संदीप पाठक की रणनीति

चंडीगढ़. भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की सोमवार को हुई घोषणा...

शत्रुहन सिंह साहू को बड़ी जिम्मेदारी, Bar Council of India की अनुशासन समिति में बने Co-opted Member

धमतरी. छत्तीसगढ़ राज्य विधिज्ञ परिषद के सदस्य एवं अधिवक्ता शत्रुहन...

जनता दर्शन में एक महिला की पीड़ा सुन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का सख्त निर्देश

रास्ता न दिला पाएं तो लेखपाल, कानूनगो, तहसीलदार सबको...